

बड़कागांव/हजारीबाग: अवैध कोयला खनन, परिवहन एवं भंडारण के खिलाफ सीआईएसएफ एनटीपीसी-सीएमपी हजारीबाग ने बड़ी कार्रवाई की है। 26 अगस्त 2026 को विश्वसनीय सूचना के आधार पर लगभग 50 किलोमीटर दूर दुर्गम वन क्षेत्र स्थित जोराकाट, चपरी एवं सेहंदा गांवों में व्यापक अभियान चलाया गया। कार्रवाई वरिष्ठ कमांडेंट श्री विवेक शर्मा के निर्देशन में, उप कमांडेंट श्री सुरेश जी के नेतृत्व तथा सहायक कमांडेंट श्री संजीव कुमार मीणा की उपस्थिति में की गई।
यह अभियान खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 के संशोधित प्रावधानों के तहत उपलब्ध वैधानिक अधिकारों के अनुरूप चलाया गया। अभियान का मुख्य उद्देश्य अवैध रूप से खनन एवं भंडारित किए गए कोयले की पहचान कर उसे जब्त करना तथा अवैध कोयला कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाना था।
अभियान 26 अगस्त को लगभग दोपहर 2 बजे शुरू हुआ और 27 अगस्त को करीब सुबह 3 बजे तक चला। कार्रवाई के लिए सीआईएसएफ के 100 से अधिक जवानों को विभिन्न टीमों में तैनात किया गया। टीमों ने चिन्हित एवं संदिग्ध स्थानों पर सघन छापेमारी, तलाशी और जांच अभियान चलाया।
दुर्गम एवं घने वन क्षेत्र में कार्रवाई को प्रभावी बनाने के लिए ड्रोन तकनीक का भी इस्तेमाल किया गया। ड्रोन के माध्यम से क्षेत्र की हवाई निगरानी कर संदिग्ध गतिविधियों और अवैध कोयला भंडारण वाले संभावित स्थानों की पहचान की गई। इसके बाद जमीनी टीमों ने संबंधित स्थानों पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई की।
अभियान के दौरान जोराकाट, चपरी एवं सेहंदा में स्थित विभिन्न अवैध कोयला भंडारण स्थलों से बड़ी मात्रा में कोयला बरामद किया गया। बरामद कोयले को 10 हाइवा वाहनों के माध्यम से एनटीपीसी के कांटा घर तक पहुंचाया गया, जहां उसका विधिवत वजन कराया गया। वजन के बाद जब्त कोयले की कुल मात्रा 256.71 टन पाई गई।
बरामद कोयले को सुरक्षित स्टॉक/स्टोरेज क्षेत्र में रखा गया है, ताकि आगे की आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा सके। अभियान देर रात तक चलने और कोयले के परिवहन एवं सुरक्षित भंडारण की प्रक्रिया रात्रि में ही पूरी होने के कारण जब्त कोयले का तत्काल मूल्यांकन या मूल्य निर्धारण नहीं किया जा सका।
कार्रवाई के दौरान सीआईएसएफ जवानों ने छापेमारी एवं तलाशी टीमों की सुरक्षा, अभियान क्षेत्र की लगातार निगरानी तथा जब्त कोयले को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने के लिए आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की। दुर्गम वन क्षेत्र, रात्रिकालीन अभियान और संवेदनशील परिस्थितियों के बावजूद सीआईएसएफ की विभिन्न टीमों ने आपसी समन्वय एवं अनुशासन के साथ अभियान को सफलतापूर्वक पूरा किया।
सीआईएसएफ ने स्पष्ट किया है कि हजारीबाग क्षेत्र में अवैध कोयला खनन, परिवहन एवं भंडारण के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। संदिग्ध गतिविधियों वाले क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाई जाएगी तथा अवैध कोयला कारोबार में संलिप्त व्यक्तियों और नेटवर्क के खिलाफ उपलब्ध वैधानिक प्रावधानों के तहत आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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